e-Gazette statutory gazette instrument · 11 Feb 2026
815 GI/2026 (1) रजिस्ट्री सं. डी.एल.- 33004/99 REGD. No. D. L.-33004/99 xxxGIDHxxx xxxGIDExxx असाधारण EXTRAORDINARY भाग II—खण् ड 3—उप-खण् ड (i) PART II—Section 3—Sub-section (i) प्राजधकार से प्रकाजित PUBLISHED BY AUTHORITY श्रम एवं रोिगार मंत्रालय अजधसूचना नई ददल्ली, 4 फरवरी, 2026 सा.का.जन. 109(अ).—जनम्नजलजखत मसौदा जवज…
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Open source page815 GI/2026 (1) रजिस्ट्री सं. डी.एल.- 33004/99 REGD. No. D. L.-33004/99 xxxGIDHxxx xxxGIDExxx असाधारण EXTRAORDINARY भाग II—खण् ड 3—उप-खण् ड (i) PART II—Section 3—Sub-section (i) प्राजधकार से प्रकाजित PUBLISHED BY AUTHORITY श्रम एवं रोिगार मंत्रालय अजधसूचना नई ददल्ली, 4 फरवरी, 2026 सा.का.जन. 109(अ).—जनम्नजलजखत मसौदा जवजनयम, जिन्हें केन्र सरकार व्यावसाजयक सुरक्षा, स्ट्वास्ट््य और कायय दिाएँ संजहता, 2020 (2020 का 37) की धारा 136 द्वारा प्रदत्त िजियों का प्रयोग करते हुए बनाने का प्रस्ट्ताव करती है, को धारा 134 की उप धारा (1) की अपेक्षा के अनुसार, उन सभी व्यजियों की सूचना के जलए, जिनके इससे प्रभाजवत होने की संभावना है, एतद्द्वारा अजधसूजचत दकया िाता है और एतद्द्वारा नोटिस ददया िाता है दक उि मसौदा अजधसूचना पर उस तारीख से 45 ददनों की अवजध की समाजि के बाद जवचार दकया िाएगा, जिस तारीख को रािपत्र की प्रजतयां, जिसमें यह अजधसूचना प्रकाजित की गई है, आम िन के जलए उपलब्ध करा दी िाती हैं; आपजत्तयां और सुझाव, यदद कोई हों, को श्री रजविंकर जनराला, अवर सजचव, भारत सरकार, श्रम एवं रोिगार मंत्रालय, कमरा संख्या: 17, श्रम िजि भवन, रफी मागय, नई ददल्ली को अथवा ईमेल(cmcdgms1@gmail.com तथा ravis.nirala@nic.in) द्वारा भेिा िा सकता है। आपजत्तयां और सुझाव एक प्रोफामाय में भेिे िाएँ जिसमें कॉलम (i) में व्यजियों और संगठनों के नाम और पते का उल्लेख हो, कॉलम (ii) में उस जनयम या उपजनयम का उल्लेख हो जिसे संिोजधत करने का प्रस्ट्ताव है, तथा कॉलम (iii) में प्रस्ट्तुत दकए िाने वाले संिोजधत जवजनयम या उप जवजनयम और उसके कारणों का उल्लेख हो; उि मसौदा अजधसूचना के संबंध में दकसी व्यजि या संगठन से ऊपर जनर्ददष्ट 45 ददनों की अवजध समाि होने से पहले प्राि आपजत्तयों और सुझावों पर केन्र सरकार द्वारा जवचार दकया िाएगा। खदान कामगारों के जलए व्यावसाजयक स्ट्वास्ट््य,सुरक्षा और कायय दिाएं संजहता, 2020 की धारा 136 के तहत जनर्ददष्ट व्यावसाजयक स्ट्वास्ट््य,सुरक्षा और कायय दिाएं (धातुयुि खानें) जवजनयम, 2026. सं. 103] नई ददल्ली, बुधवार, फरवरी 4, 2026/माघ 15, 1947 No. 103] NEW DELHI, WEDNESDAY, FEBRUARY 4, 2026/MAGHA 15, 1947 सी.जी.-डी.एल.-अ.-11022026-270040 CG-DL-E-11022026-270040 2 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(i)] अध्याय I प्रारंभिक 1. संभिप्त शीर्षक, प्रारंि, लागू होना और भिस्तार।- (1) इन भिभनयमों को व्यािसाभयक सुरिा, स्िास््य और कायष भस्िभत (धातुयुक्त खान) भिभनयम, 2026 कहा जा सकेगा । (2) ये आभधकाररक राजपत्र में प्रकाशन की भतभि से लागू होंगे। (3) ये धातु या तेल की खदान को छोड़कर प्रत्येक खदान पर लागू होंगे। (4) इनका भिस्तार संपूर्ष िारत में है। 2. पररिार्ाएँ.- (1) इन भिभनयमों में, जब तक कक संदिष से अन्यिा अपेभित न हो,- (क) "छोड़ा गया कायष" से तात्पयष ऐसे कायष से है भजसे िभिष्य में कायष करने के इरादे के भबना छोड़ कदया गया है; (ख) " एभिट" से अभिप्राय िूभमगत खदान में प्रिेश और भनकास, खभनज भनष्कर्षर्, िायुसंचार और पानी की भनकासी के प्रयोजनों के भलए एक िैभतज या भनकट-िैभतज प्रिेश द्वार से है; (ग) “अनुमोकदत सुरिा लैंप” तिा “अनुमोकदत भिद्युत टाचष” से क्रमशः सुरिा लैंप या उस प्रकार का भिद्युत टाचष अभिप्रेत है, भजसे मुख्य भनरीिक-सह-सुभिधाकताष समय-समय पर सामान्य या भिशेर् आदेश द्वारा भिभनर्दष्ट करे; (घ) "सहायक प्रबंधक" से तात्पयष प्रबंधक प्रमार्पत्र रखने िाले ऐसे व्यभक्त से है भजसे माभलक, एजेंट या प्रबंधक द्वारा भलभखत रूप में खान या उसके िाग के प्रबंधन, भनयंत्रर्, पयषिेिर् और भनदेशन में प्रबंधक की सहायता के भलए भनयुक्त ककया गया है और जो प्रबंधक से ठीक नीचे का पद रखता है और खनन पयषिेिक और सहायक खनन पयषिेिक से िररष्ठ है; (ङ) "सहायक खनन पयषिेिक" से तात्पयष ऐसे व्यभक्त से है भजसके पास प्रबंधक या खनन पयषिेिक या सहायक खनन पयषिेिक का प्रमार्पत्र हो और भजसे प्रबंधक द्वारा भलभखत रूप में, ककसी िी पदनाम के अंतगषत, इन भिभनयमों के अंतगषत सहायक खनन पयषिेिक के कतषव्यों का पालन करने के भलए भनयुक्त ककया गया हो; (च) सहायक पंखा से तात्पयष ककसी िायु-प्रेरक पंखा या भनकास पंखा से है भजसका उपयोग पूर्षतया या मुख्यतया िायु-संचार भजले के एक या एक से अभधक िागों को िायु-संचाररत करने के भलए िूभम के नीचे ककया जाता है; (छ) ककसी खान में “औसत रोजगार” से तात्पयष भपछले कैलेंिर िर्ष के दौरान, जनिरी के पहले कदन से कदसंबर के इकतीसिें कदन तक, खान में या खान के ककसी िाग में प्रभतकदन रोजगार प्राप्त व्यभक्तयों की औसत संख्या से है (जो काम ककए गए मानि कदिसों की संख्या को कायष कदिसों की संख्या से िाग देकर प्राप्त की जाती है, भजसमें भिश्राम कदिस और अन्य गैर- कायष कदिस शाभमल नहीं हैं);