e-Gazette statutory gazette instrument · 31 Aug 2025
5805 GI/2025 (1) रजिस्ट्री सं. डी.एल.- 33004/99 REGD. No. D. L.-33004/99 xxxGIDHxxx xxxGIDExxx असाधारण EXTRAORDINARY भाग II—खण् ड 3—उप-खण् ड (i) PART II—Section 3—Sub-section (i) प्राजधकार से प्रकाजित PUBLISHED BY AUTHORITY पर्ाावरण, वन और िलवार्ु पररवतान मंत्रालर् अजधसूचना नई दिल्ली, 31 अगस्ट् त, 2025 सा.का.जन. 593(अ)…
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Open source page5805 GI/2025 (1) रजिस्ट्री सं. डी.एल.- 33004/99 REGD. No. D. L.-33004/99 xxxGIDHxxx xxxGIDExxx असाधारण EXTRAORDINARY भाग II—खण् ड 3—उप-खण् ड (i) PART II—Section 3—Sub-section (i) प्राजधकार से प्रकाजित PUBLISHED BY AUTHORITY पर्ाावरण, वन और िलवार्ु पररवतान मंत्रालर् अजधसूचना नई दिल्ली, 31 अगस्ट् त, 2025 सा.का.जन. 593(अ).—केंद्रीर् सरकार, वन (संरक्षण एवं संवधान) अजधजनर्म, 1980 की धारा 4 की उप-धारा (1) द्वारा प्रित्त िजिर्ों का प्रर्ोग करते हुए, वन (संरक्षण एवं संवधान) जनर्म, 2023 में और संिोधन करने के जलए जनम्नजलजखत जनर्म बनाती है, अर्ाात :- 1. (1) इन जनर्मों का संजक्षप्त नाम वन (संरक्षण एवं संवधान) संिोधन जनर्म, 2025 है। (2) र्े रािपत्र में इनके प्रकािन की तारीख को प्रवृत्त होंगे। 2. वन (संरक्षण एवं संवधान) जनर्म, 2023 (जिसे इसमें इसके पश्चात उि जनर्म कहा गर्ा है) के जनर्म 2 में, उप-जनर्म (1) में,- (क) खंड (ट) के पश्चात, जनम्नजलजखत खंड अंतःस्ट्र्ाजपत दकर्े िाएंगे, अर्ाात, :- सं. 549] नई दिल्ली, रजव वार, अगस्ट् त 31, 2025/भाद्र 9, 1947 No. 549] NEW DELHI, SUNDAY, AUGUST 31, 2025/BHADRA 9, 1947 सी.जी.-डी.एल.-अ.-31082025-265835 CG-DL-E-31082025-265835 2 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(i)] “(टक) 'अंजतम र्ा चरण-2 अनुमोिन' से राज्र् सरकार से सैद्ांजतक र्ा चरण-I अनुमोिन में जनधााररत ितों के संतोषिनक अनुपालन की प्राजप्त के पश्चात अजधजनर्म की धारा 2 की उपधारा (1) के अधीन प्रित्त केन्द्द्रीर् सरकार का पूवा अनुमोिन अजभप्रेत है; (टख) ‘सैद्ांजतक र्ा चरण-1 अनुमोिन' से अजधजनर्म की धारा 2 की उपधारा (1) में जवजनर्िाष्ट प्रर्ोिन के जलए वन भूजम का उपर्ोग, उसमें अनुबद् ितों के अनुपालन के अध्र्ाधीन केन्द्द्रीर् सरकार की प्रारंजभक अनुमजत अजभप्रेत है।" (ख) खंड (प) के स्ट्र्ान पर जनम्नजलजखत खंड रखा िाएगा, अर्ाात,:- “(प) "कार्ा की अनुमजत" से सैद्ांजतक अनुमोिन र्ा चरण-1 के पश्चात रैजखक पररर्ोिनाओं को संसाधन िुटाने र्ा सड़कों की ब्लैक टॉपपंग और कंक्रीट जबछाने, रेलवे रैक जबछाने, पारेषण लाइनों की चार्ििंग आदि से जभन्न प्रारंजभक पररर्ोिना कार्ों को िुरू करने के जलए िी गई अनुज्ञा र्ा केंद्रीर् सरकार द्वारा र्र्ा जवजनर्िाष्ट अनुज्ञा अजभप्रेत है।“ 3. उि जनर्मों में, जनर्म 4 में,- (क ) उप-जनर्म (3) के पश्चात् जनम्नजलजखत उप-जनर्म अंतःस्ट्र्ाजपत दकर्ा िाएगा, अर्ाात्,:- “(3क) सजमजत का कोई गैर-सरकारी सिस्ट्र् दकसी भी समर् केन्द्द्रीर् सरकार को जलजखत सूचना िेकर अपने पि से त्र्ागपत्र िे सकेगा और तत्पश्चात उस सिस्ट्र् का स्ट्र्ान ररि हो िाएगा।” (ख) उप-जनर्म (4) में, िब्ि, कोष्ठक और अंकों “(2) और (3)” के स्ट्र्ान पर िब्ि, कोष्ठक और अंक “(2), (3) और (3क)” रखे िाएंगे। 4. उि जनर्मों में, जनर्म 6 में, उपजनर्म (5) को जनर्म 6क के रूप में पुनः संखर्ांदकत दकर्ा िाएगा और इस प्रकार पुनः संखर्ांदकत जनर्म 6क में,- (क) उपजनर्म (3) के पश्चात् जनम्नजलजखत उपजनर्म अंतःस्ट्र्ाजपत दकर्ा िाएगा, अर्ाात्, :- “(3क) सजमजत का कोई गैर-सरकारी सिस्ट्र् दकसी भी समर् केन्द्द्रीर् सरकार को जलजखत सूचना िेकर अपने पि से त्र्ागपत्र िे सकेगा और तत्पश्चात उस सिस्ट्र् का स्ट्र्ान ररि हो िाएगा।”; (ख) उपजनर्म (4) में, िब्िों, कोष्ठकों और अंकों “(2) और (3)” के स्ट्र्ान पर िब्ि, कोष्ठक और अंक “(2), (3) और (3क)” रखे िाएंगे। 5. उि जनर्मों में, जनर्म 9 में, (क) उपजनर्म (1) में, कोष्ठक, अक्षर और िब्ि “(i) सैद्ांजतक अनुमोिन; और '(ii) अंजतम अनुमोिन" के स्ट्र्ान पर, कोष्ठक, अक्षर और िब्ि “(i) सैद्ांजतक र्ा चरण-1 अनुमोिन” और “(ii) अंजतम र्ा चरण-2 अनुमोिन” रखे िाएंगे; (ख) उप-जनर्म (2) में जनम्नजलजखत परंतुक अंतःस्ट्र्ाजपत दकर्ा िाएगा, अर्ाात्:- “परंतु र्ह दक रक्षा, सामररक और राष्ट्रीर् महत्व से संबंजधत पररर्ोिनाओं र्ा लोक जहत र्ा आकजस्ट्मक प्रकृजत से संबंजधत असाधारण मामलों में, प्रर्ोिा अजभकरण को पूवा अनुमोिन के जलए आवेिन ऑफलाइन प्रणाली में प्रस्ट्तुत करने की अनुमजत िी िा सकती है।” [भाग II—खण् ड 3(i)] भारत का रािपत्र : असाधारण 3 6. उि जनर्मों में, जनर्म 10 में, उप-जनर्म (10) के स्ट्र्ान पर जनम्नजलजखत उप-जनर्म रखा िाएगा, अर्ाात्:- “(10) राज्र् सरकार र्ा संघ राज्र् क्षेत्र प्रिासन, र्दि ऐसा चाहे, तो रैजखक प्रस्ट्ताव का 'सैद्ांजतक र्ा चरण-1' अनुमोिन प्राप्त करने और प्रजतपूरक उपग्रहणों िैसे प्रजतपूरक वनरोपण और िुद् वतामान मूल्र् और िमन र्ोिनाओं िैसे वन्द्र्िीव प्रबंधन र्ोिना और मृिा एवं आद्राता संरक्षण र्ोिना की लागत, र्र्ा लागू, िमा करने के पश्चात, प्रजतपूरक वनीकरण के जलए जचजन्द्हत भूजम को वन जवभाग के पक्ष में वन भूजम के रूप में हस्ट्तांतरण और नामांतरण प्रभावी करने र्ा प्रजतपूरक वनीकरण के जलए जचजन्द्हत भूजम को भारतीर् वन अजधजनर्म, 1927 (1927 का 16) र्ा स्ट्र्ानीर् अजधजनर्म के अधीन संरजक्षत वन के रूप में अजधसूजचत करने और अनुसूजचत िनिाजत और अन्द्र् पारंपररक वन जनवासी (वन अजधकारों की मान्द्र्ता) अजधजनर्म, 2006 (2007 का 2) सजहत अन्द्र् सभी र्र्ालागू जवजध का अनुपालन करने के पश्चात, 'अंजतम' अनुमोिन प्रिान करने से पहले पररर्ोिना कार्ा प्रारंभ करने के जलए कार्ा की अनुज्ञा प्रिान कर सकते हैं।” 7. उि जनर्मों में, जनर्म 11 में, (i) उप-जनर्म (9) में, जनम्नजलजखत परंतुक अंतःस्ट्र्ाजपत दकर्ा िाएगा, अर्ाात्:- “परंतु र्ह दक रक्षा, सामररक और राष्ट्रीर् महत्व से संबंजधत पररर्ोिनाओं र्ा लोक जहत र्ा आकजस्ट्मक प्रकृजत से संबंजधत असाधारण मामलों में, प्रर्ोिा अजभकरण को पूवा अनुमोिन के जलए आवेिन ऑफलाइन प्रणाली में प्रस्ट्तुत करने की अनुज्ञा िी िा सकती है।” (ii) उप-जनर्म (10) में, (क) ‘ िो वषों से अजधक समर् से प्रतीजक्षत है, उनमें सैद्ांजतक अनुमोिन को अकृत और िून्द्र् समझा िाएगा;’, िब्िों के स्ट्र्ान पर ‘ पााँच वषों से अजधक समर् से प्रतीजक्षत है, उनमें सैद्ांजतक र्ा चरण-1 अनुमोिन केन्द्द्रीर् सरकार द्वारा वापस जलर्ा िा सकेगा:’ िब्ि रखे िार्ेगे। (ख) परंतुक में, "परन्द्तु केन्द्द्रीर् सरकार" िब्िों के स्ट्र्ान पर जनम्नजलजखत रखा िाएगा, अर्ाात्,:- "परन्द्तु केन्द्द्रीर् सरकार, अजभजलजखत दकए िाने वाले कारणों को लेखबद् करके दक पररजस्ट्र्जतर्ााँ ऐसी र्ी जिनके कारण, राज्र् सरकार र्ा संघ राज्र् क्षेत्र प्रिासन, िैसा भी मामला हो, पााँच वषा की जनधााररत अवजध के भीतर अनुपालन ररपोटा प्रस्ट्तुत नहीं कर सके, तो समाधान हो िाने पर सैद्ांजतक र्ा चरण-1 अनुमोिन की वैधता ऐसी अवजध के जलए बढा सकेगी, िो वह उजचत समझे: परन्द्तु र्ह और दक केन्द्द्रीर् सरकार” 8. उि जनर्मों में, जनर्म 12 के उपजनर्म (3) में,- (क) जहन्द्िी पाठ में संिोधन की आवश्र्कता नहीं है; (ख) उपजनर्म (3) के पश्चात् जनम्नजलजखत परंतुक अंतःस्ट्र्ाजपत दकर्ा िाएगा, अर्ाात्, :- "परन्द्तु र्ह दक उस अवजध के जलए अनुमोिन, जिसके िौरान वन क्षेत्र में अनुमोदित कार्ा र्ोिना र्ा कार्ा र्ोिना के जबना कार्ा दकर्ा गर्ा र्ा, संबंजधत क्षेत्रीर् कार्ाालर् द्वारा क्षेत्रीर् सिि सजमजत के परामिा से जनपटार्ा िाएगा।"